दैनिक सांध्य बन्धु जबलपुर। नगर निगम की बजट बैठक सोमवार को हंगामेदार रही। कांग्रेस पार्षदों ने शहर की मूलभूत समस्याओं पर चर्चा नहीं होने का आरोप लगाते हुए बैठक से वॉकआउट कर दिया। इसके बाद उन्होंने निगम परिसर में प्रदर्शन कर नारेबाजी की।
नेता प्रतिपक्ष अमरीश मिश्रा ने कहा कि बजट पेश करने से पहले कम से कम दो दिन शहर की प्रमुख समस्याओं पर चर्चा होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सड़क, सफाई, पेयजल, डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण और पार्षद मद से जुड़े लंबित कार्यों जैसे मुद्दे लंबे समय से उठाए जा रहे हैं, लेकिन इनका समाधान नहीं हो रहा है।
कांग्रेस पार्षदों ने आरोप लगाया कि कई वार्डों में सफाई व्यवस्था प्रभावित है और डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण भी सही तरीके से नहीं हो रहा। इसके अलावा पार्षद मद से होने वाले विकास कार्य लंबे समय से बंद पड़े हैं, जिससे वार्डों में जरूरी काम अटके हुए हैं।विपक्ष ने शहर में गंदे पानी की सप्लाई की शिकायतों को भी गंभीर मुद्दा बताया। उनका कहना था कि इस विषय पर कोई आपात बैठक तक नहीं बुलाई गई।
कांग्रेस पार्षदों ने महापौर पर प्रचार पर अधिक ध्यान देने का आरोप लगाते हुए कहा कि पिछली बजट घोषणाओं के कई काम अब तक पूरे नहीं हुए हैं। उन्होंने कहा कि वे सदन का सम्मान करते हैं, लेकिन यदि समस्याओं पर अलग से चर्चा के लिए समय तय नहीं किया गया तो उनका विरोध जारी रहेगा।
वहीं, महापौर ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 2200 करोड़ रुपए का अब तक का सबसे बड़ा बजट पेश किया। महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू ने 21 अरब 66 करोड़ 27 लाख रुपए के इस बजट को शहर के विकास का रोडमैप बताया।महापौर ने कहा कि पिछले साढ़े तीन वर्षों में 2600 करोड़ रुपए के विकास कार्य पूरे किए जा चुके हैं और अगले डेढ़ साल में 3000 करोड़ रुपए के नए कार्यों का भूमिपूजन किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि नगर निगम ने बिना कर्ज लिए विकास कार्यों को आगे बढ़ाया है।
बजट में रानीताल फ्रंट विकास, झुग्गी पुनर्वास, अफोर्डेबल हाउसिंग, जल आपूर्ति, सीवर नेटवर्क विस्तार, तालाबों के सौंदर्यीकरण और अर्बन चैलेंज फंड के तहत 1147 करोड़ रुपए के प्रस्ताव शामिल किए गए हैं।
इसके अलावा बाढ़ नियंत्रण और रेन वॉटर हार्वेस्टिंग के लिए 222 करोड़ रुपए, सीवर लाइन परियोजना के लिए 755 करोड़ रुपए, री-डेंसिफिकेशन प्रोजेक्ट के लिए 500 करोड़ रुपए और बायोगैस प्लांट के लिए 200 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।बजट में 100 एसी बसें, 64 स्थानों पर पार्किंग, 12 लाख पौधारोपण, डुमना नेचर पार्क में रिसोर्ट और गौर नदी के कायाकल्प जैसी योजनाएं भी प्रस्तावित की गई हैं।
महापौर ने दावा किया कि जबलपुर को स्वच्छता में देश में पांचवां और एयर क्वालिटी में दूसरा स्थान मिला है। उन्होंने कहा कि यह बजट जबलपुर को महानगर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगा।



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