दैनिक सांध्य बन्धु जबलपुर । शहर में आज भीम आर्मी और कांग्रेस के नेताओं द्वारा बुलाए गए बंद का व्यापक असर देखा गया। कांग्रेस के विधायक लखन घनघोरिया, कांग्रेस नगर अध्यक्ष सौरभ 'नाटी' शर्मा, पूर्व पार्षद तेज कुमार भगत, बहुजन समाज पार्टी के राकेश चौधरी, प्रीतम चौधरी, विवेक चौधरी और भीम आर्मी के अनेक कार्यकर्ताओं ने अंबेडकर चौक से बंद की शुरुआत की।
बाबा साहब अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर इस रैली को शुरू किया गया। इसके बाद रैली घमापुर चौक, भान तलैया, घोड़ा नक्कास, सराफा चौक होते हुए बड़ा फवारा पहुंची, जहां रैली के दौरान खुले दुकानों को बंद करवाया गया।
बंद के समर्थन में शहर में रैली का समापन मालवीय चौक में हुआ। इस दौरान विभिन्न दलों और संगठनों के नेताओं ने एकजुटता दिखाते हुए अपने समर्थकों के साथ बंद को सफल बनाने का प्रयास किया। रैली के कारण शहर के प्रमुख बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा और अधिकांश दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद रखीं।
भीम आर्मी और कांग्रेस की इस संयुक्त कार्रवाई को लेकर शहर में काफी चर्चा रही।
रैली के समापन पर हुआ ड्रामा, दो दलों के माइक से गूंजे अलग-अलग भाषण
भीम आर्मी द्वारा आयोजित रैली के समापन पर अजीबोगरीब स्थिति देखने को मिली। एक तरफ जहां भीम आर्मी के माइक से कांग्रेस और संगठन के नेता अपने विचार व्यक्त कर रहे थे, वहीं दूसरी तरफ बहुजन समाज पार्टी के माइक पर अपना अलग भाषण चल रहा था। इस दौरान कई बार भीम आर्मी के लोगों ने बहुजन समाज पार्टी के सदस्यों को माइक पर बोलने से रोकने की कोशिश की, लेकिन इसके बावजूद बहुजन समाज पार्टी के नेता अपनी बात रखते रहे और लगातार भाषण देते रहे। इस घटना से रैली में मौजूद लोगों के बीच असमंजस की स्थिति पैदा हो गई।
