दैनिक सांध्य बन्धु जबलपुर। गोहलपुर क्षेत्र में एक ही घर में माँ और बेटी की संदिग्ध मौत ने पूरे क्षेत्र को स्तब्ध कर दिया है। 70 वर्षीय श्यामा साहू का शव पलंग पर मिला, जबकि उनकी 45 वर्षीय तलाकशुदा बेटी शिखा साहू का शव फंदे से झूलता हुआ मिला। पुलिस को घटना की सूचना मिलने के बाद, मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने मामूली कार्रवाई की और शवों को उनके हाल पर छोड़ दिया, जिससे लोगों में आक्रोश फैल गया है।
पड़ोसियों ने श्यामा के घर से आ रही बदबू की सूचना पुलिस को दी थी। जब पुलिस टीम मौके पर पहुँची, तो उन्होंने देखा कि श्यामा का शव पलंग पर पड़ा हुआ था और शिखा फंदे से झूल रही थी। पुलिस ने प्राथमिक कार्रवाई के बाद मुख्य दरवाजे पर ताला लगाकर घर को बंद कर दिया और वापस लौट गई।
पुलिस के इस रवैये से लोगों में नाराजगी है। उन्होंने सवाल उठाए हैं कि जब माँ-बेटी की मौत की जानकारी मिल चुकी थी, तो शवों को मौके पर 10-12 घंटे तक छोड़ना कितना सही था। पुलिस का कहना है कि अंधेरा होने के कारण जाँच पूरी नहीं की जा सकी और एसएफएल टीम की मदद के लिए रविवार की सुबह साक्ष्य जुटाए जाएंगे।
मृतकों का पोस्टमार्टम रविवार को होगा, जिसके बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल सकेगा। फिलहाल, पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है।
पुलिस के रवैये पर उठे सवाल
लोगों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं, क्योंकि मृतकों को तुरंत हटाने के बजाय, उन्हें रातभर उसी हालत में छोड़ दिया गया। लोगों का कहना है कि यह अमानवीयता है और पुलिस को इस मामले में अधिक संवेदनशीलता दिखानी चाहिए थी।
घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।